ऐसा काम भूल कर भी नहीं करना चाहिए।

हमें सामाजिक दायरों में रहते हुए ही किसी का मजाक उड़ाना चाहिए। जिस मजाक से किसी का अपमान हो या उसे दुख पहुंचे, ऐसा काम भूल कर भी नहीं करना चाहिए। मनु स्मृति में बताया गया है कि हमें किन लोगों का मजाक नहीं उड़ाना चाहिए। ये 7 लोग इस प्रकार हैं-

श्लोक



हीनांगनतिरिक्तांगन्विद्याहीनान्वयोधिकान्।
रूपद्रव्यविहीनांश्च जातिहीनांश्च नाक्षिपेत्।
अर्थ- इन लोगों पर व्यंग्य (मजाक) नहीं करना चाहिए, 1. जो हीन अंग वाले हों (जैसे- अंधा, काना, लूला-लंगड़ा आदि), 2. अधिक अंग वाले हों (जैसे पांच से अधिक अंगुलियों वाले), 3. अशिक्षित, 4. आयु में बड़े, 5. कुरूप, 6. गरीब या 7. छोटी जाति के हों।

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